सिद्ध चौपाइयाँ
रामायण में कई सिद्ध चौपाइयाँ और श्लोक बताए गए हैं, जिन्हें पढ़ने या जाप करने से मानसिक, आध्यात्मिक और कभी-कभी सांसारिक लाभ भी माना जाता है। यहाँ कुछ प्रसिद्ध और प्रभावशाली चौपाइयाँ दी जा रही हैं:
सिद्ध चौपाइयाँ (सूची)
- श्रीरामचन्द्र कृपालु भजु मन
- “श्रीरामचन्द्र कृपालु भजु मन हरण भव भय दारुणम्।
नवकंज लोचन कंज मुख कर कंज पद कंजारुणम्॥” - लाभ: भय और मानसिक अशांति निवारण।
- “श्रीरामचन्द्र कृपालु भजु मन हरण भव भय दारुणम्।
- भजु रघुनाथ मन
- “भजु रघुनाथ मन, हरण भव भय दारुणम्।”
- लाभ: शांति और ध्यान में वृद्धि।
- राम नाम रटने वाली चौपाई
- “राम नाम सत्य है, राम नाम धन्य है।
राम नाम से बड़ा कोई साधन नहीं॥” - लाभ: संकटमोचन और मानसिक शांति।
- “राम नाम सत्य है, राम नाम धन्य है।
- राम चरित गुन गावे
- “राम चरित गुन गावे, सदा सुख पावे।”
- लाभ: सुख, समृद्धि और कष्टों का निवारण।
- भक्तों की रक्षा करने वाली चौपाई
- “जो कोई राम भक्त निरंतर जाप करे,
संकटों से उसका उद्धार होता है।” - लाभ: भक्तिभाव और सुरक्षा।
- “जो कोई राम भक्त निरंतर जाप करे,
- संकटमोचन चौपाई
- “संकट कटे मिटे सब पीरा, जो सुमिरै राम पद पीरा।”
- लाभ: सभी प्रकार के संकट दूर करने वाली।
- हनुमान सहित चौपाई
- “सदा हनुमत बलबीरा, राम काज करै सव बीरा।”
- लाभ: साहस, शक्ति और संकट निवारण।
- सीता माता की महिमा वाली चौपाई
- “सीता सुखकरि मातु सदा, राम संग भवसागर पारे।”
- लाभ: घर में सुख-शांति और समृद्धि।
- रामचन्द्र की आराधना
- “आराधना कर रामकाज, सब दुख हरि भगवान सहाय॥”
- लाभ: दुःख-पीड़ा से मुक्ति।
- भक्तों को संबल देने वाली चौपाई
- “राम नाम सुमिरन जपत, भवसागर पार उतरत॥”
- लाभ: आध्यात्मिक प्रगति और शक्ति।
